ऑफीस कोलीग की बाल्कनी में चुदाई की कहानी

ही दोस्तों, मैं आज आपके सामने अपनी कहानी का अगला पार्ट लेके आया हू. मेरी पिछली कहानी को काफ़ी लोगों ने पसंद किया. उनका मैं बहुत शूकर-गुज़ार हू, की उन्होने मेरी कहानी पढ़ी, और उसको अप्रीशियेट किया. जिन लोगों ने भी कहानी नही पढ़ी है, वो प्लीज़ पहले मेरी पिछली कहानी ज़रूर पढ़े. तो चलिए दोस्तों, अब कंटिन्यू करते है स्टोरी को.

मेरी आँख खुली और अंधेरी रात थी. टाइम का तो कोई अंदाज़ा नही था, की टाइम क्या हुआ था. जब मैने शेल्लाइर को देखा, तो वो सो रही थी अभी भी. फिर मैने उसको किस करना शुरू कर दिया. पहले मैं चीक्स पे किस कर रहा था, और फिर नेक पे करने लगा.

वो नींद में ही थी, बुत अब अराउज़ हो गयी थी, और अब वो भी मेरे शोल्डर को किस करने लगी थी. फिर मैने धीरे से उसकी सेक्सी गांद को स्प्रेड किया, और थूक से उसके अशोल को मसाज करना शुरू कर दिया. तभी वो बोली-

शी: नही, मुझे गांद नही मर्वानी है.

मे: मैं सिर्फ़ मसाज कर रहा हू मेरी जान.

शी: ओके, बुत सिर्फ़ मसाज ही करनी है, और कुछ नही.

मैने उसकी गांद में उंगली डालने की कोशिश की. वो थोड़ी थोड़ी अंदर गयी, और शेल्लाइर ने कुछ नही कहा. फिर मैने तोड़ा और अंदर डाला, जिससे उसको दर्द हुआ. इससे उसकी मूह से दर्द भारी सिसकी निकली. तो मैने अपना हाथ वापस ले लिया, और उसको छूट पे रब करने लगा दबा के.

मैं ऐसे दबा रहा था, जैसे लगे मैं उसकी छूट में ही उंगली कर बैठा था. वो मुझे बीते करे जेया रही थी, और सिसकियाँ लिए जेया रही थी. अब वो मेरे हाथ पकड़ के छूट से डोर लेके जेया रही थी, क्यूंकी शायद वो झड़ना नही चाहती थी. लेकिन मैं ज़ोर-ज़ोर से तेज़-तेज़ रब करता रहा. फिर आख़िर-कार उसका रस्स निकल गया.

रस्स निकालने के बाद वो स्माइल करके मुझे देखने लगी. उसके बाद फिर हमने बहुत ही प्यारी और लंबी किस की. फिर मैने उसका हाथ लिया, और अपने लंड पे रख दिया. वो मेरे लंड को पकड़ के दबाने लगी और हिलने लगी. वो फिर चादर के अंदर चली गयी, और मुझे ब्लोवजोब देने लगी.

उसने इस बार पहले मेरे लंड को आचे से छाता. लंड को उसने थूक गिरा-गिरा के गीला किया, और फिर उसके बाद मुझे दीपत्र्ोआट दिया. उसने करीब 5-7 मिनिट तक ब्लोवजोब दी. फिर उसके बाद मैने उसे अपने उपर खींचा और उसको किस करने लगा.

मैने अपने हॅंकी को उसकी आँखों पे बाँध दिया, जिससे उसको कुछ नही दिख रहा था. फिर मैने उसे खड़ा किया, और उसको प्यार करते-करते मैं बाल्कनी में ले गया. रात हो गयी थी और बिल्कुल अंधेरा था. उसका फ्लॅट था भी टॉप फ्लोर पे, और कोई पड़ोसी नही थे, की कोई कुछ देख पाए. हल्की-हल्की हवा चल रही थी.

शी: क्या हम बाल्कनी में है?

मैं उसे कस्स के किस करने लगा, और उसकी कमर को दबाने लगा. वो खो गयी और मुझे किस करने लगी. फिर मैं बाल्कनी में स्ट्रेच्ड चेर पे लेट गया और उसकी गांद को फैला कर उसको अपने लंड के उपर बिता लिया, जैसे वो एक चेर पे बैठी हो.

अब वो उपर-नीचे होने लगी. वो तेज़-तेज़ सिसकियाँ ले रही थी, लेकिन मुझे रोक भी रही थी, क्यूंकी उसे दर्र था की कोई सुन ना ले. लेकिन मुझे एग्ज़ाइट्मेंट हो रही थी. मैने उसे अपने उपर लिटा लिया, और उसकी टांगे फैला के नीचे से धक्के देने लगा.

उससे बर्दाश्त नही हुआ, और वो चिल्लाने लगी. मैने उसका मूह बंद किया, और करता रहा. फिर कुछ देर बाद मेरा सारा स्पर्म मैने उसके पेट पे उड़ा दिया. फिर ऐसे ही मैने उसको बाल्कनी की रेलिंग पर ही डॉगी स्टाइल में छोड़ा, और ऐसे ही रात गुज़र गयी.

सुबा उठ कर मैं उसे बातरूम में ले गया, और मैं फिरसे उसके अशोल में उंगली डालने की कोशिश करने लगा नहाते वक़्त साबुन वाले हाथ से.

मे: ई वॉंट तो फक इट टू.

शी: नो, इट’स पेनफुल. आंड ई डॉन’त थिंक इट’स आ गुड आइडिया.

मुझे बहुत इरिटेशन हुई, पर मैं क्या ही कर सकता था. तो मैं बात्ट्च्ब में बैठ गया. फिर मैने उसे लंड चूसने को कहा. वो मेरा लंड चूसने लगी, और मैं उसका सर पकड़ कर उससे दीपत्र्ोआट ले रहा था. मैं उसका मूह दबा के रखता ताकि वो चोक करे.

वो अपनी गांद उठा के लंड चूस रही थी. मुझे गुस्सा था की मुझे गांद मारने को नही मिली, तो मैने उससे कुछ और करवाने की सोची. फिर मैने उसको उल्टा किया, और उसे मेरे फेस पे बैठे को कहा.

उसके बाद मैं बात्ट्च्ब में बैठ गया, और वो अपनी छूट मेरे मूह के उपर रखती है. फिर मैं उसकी छूट को चूस रहा था, और उसे तेज़-तेज़ हिलने को बोल रहा था. उसके बाद मैं उसकी गांद को चाटने लगा. उसके अशोल के अराउंड मैं बीते करने लगा. फिर ऐसा ही करते-करते मैने उसकी गांद में उंगली डाल दी.

शी: आहह… मत करो ऐसा प्लीज़. निकालो इसको आह.

वो चिल्ला रही थी लेकिन मैने पूरी उंगली घुसा दी थी, और मैं तेज़-तेज़ अंदर-बाहर करने लगा. फिर मैने कुछ देर तक तेज़-तेज़ करके बाहर निकाल लिया.

शी: ऑश… तुमने मुझे बहुत दर्द दिया है. अब तो मैं बिल्कुल भी नही दूँगी अपनी गांद.

मैं उसे फिरसे किस करने लगा और बात्ट्च्ब में ही मिशनरी पोज़िशन में उसको छोड़ने लगा. वो फिरसे मूड में आ गयी. फिर मैने लंड बाहर निकाला, और उसको मेरी बॉल्स चाटने को कहा. उसने मेरी बॉल्स चाटना शुरू कर दिया, और बहुत तेज़-तेज़ चाटने लगी.

फिर मैने अपनी लेग्स उपर उठा दी, और उसका मूह अपने अशोल पे ले गया. वो तोड़ा हिचकिचाई होगी पहले, लेकिन फिर वो चाटने लगी. मैने बहुत देर तो उससे लीक करवाया. फिर मैं उसको डॉगी स्टाइल में ले आया, और उसको बहुत देर छोड़ा. वो 2 बार झाड़ गयी थी, फिर भी मैं उसे छोड़ता रहा जब तक मेरा मॅन ना भरे.

फिर मैने एंड में तेज़ धार से गरम-गरम रस्स अपना उसकी छूट में छ्चोढ़ दिया और लंड अंदर डाल कर ही उसके उपर लेट गया.

थॅंक योउ दोस्तों पढ़ने के लिए. और किसी लड़की या औरत को ऑडियो सेक्स स्टोरी सुन्नी हो, तो मुझे मैल करे

कल्लमेअभी2109@गमाल.कॉम

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